मुरलीधर सिंह और ब्रह्मदेव सिंह की स्मृति में 80 वीं मडल स्तरीय विराट कुश्ती प्रतियोगिता का हुआ आयोजन।
जमानिया- क्षेत्र अंतर्गत युवराजपुर गाँव में शनिवार को मुरलीधर सिंह और ब्रह्मदेव सिंह की स्मृति में 80 वीं मडल स्तरीय विराट कुश्ती प्रतियोगिता का आयोजन किया गया, इसका शुभारंभ आयोजन समिति के द्वारा अखाडे का विधिवत पूजन अर्चन कर किया गया।

इस दौरान मुख्य अतिथि पूर्व प्रमुख अनिल राय और हिन्दी फिल्मों के पटकथा लेखक शान्तिभूषण सिंह ने पहलवानों का एक दूसरे से हाथ मिलाकर इस मंडल स्तरीय कुश्ती का शुभारंभ किया, आयोजित कुश्ती प्रतियोगिता में आधा दर्जन से अधिक जनपदों के विभिन्न अखाडों से जुडे राष्ट्रीय और राज्य स्तरीय पहलवानों ने इसमें प्रतिभाग किया। इनामी कुश्तियां बराबर रही।
कुश्ती में गाजीपुर के पहलवानों का दबदबा रहा। मंडल स्तरीय कुश्ती में गाजीपुर नेहरू स्टेडियम के सूरज चौधरी ने छुतिहार के अविनाश,भडसर के अंशू ने करमपुर के पंकज,हंसराजपुर के आनंद ने छुतिहार के विकास, अंधऊ के शहाबुद्दीन ने मुगलसराय के काजू,अंधऊ के पवन ने कल्यानपुर के मंजेश,वाराणसी के आशीष ने सरैया के दीपक, वाराणसी के रामाशीष ने हंसराजपुर के सुनील को चंद मिनटो में पटखनी दे उन्हें दिन में तारे दिखाए।
इसी तरह वाराणसी के निखिल और अजगरा के दिवाकर,नवाराणसी के नितिन और छुतिहार के विशाल, करमपुर के विश्वजीत और हंसराजपुर के विवेक, अजगरा के रामाशीष और हंसराजपुर के सुशील, हंसराजपुर के आनंद और छुतिहार के विकास के बीच कुश्ती बराबरी पर रही। इस कुश्ती प्रतियोगिता में तीन दर्जन से अधिक पहलवानों ने भाग लिया।
इस दौरान मुख्य अतिथि पूर्व प्रमुख अनिल राय बच्चन ने कहा कि विलुप्त होती जा रही भारतीय कला सभ्यता कि पुरानी खेल परम्परा को जिस तरह से जीवन्त बनाये रखने के लिए प्रयास हो रहे वह बहुत ही सराहनीय है।
वहीं हिंदी फिल्मों के पटकथा लेखक शान्ति भूषण सिंह ने पहलवानों का आह्वान किया कि कुश्ती को व्यवसाय का रूप न दें,कुश्ती से मन व मस्तिष्क दोनों स्वस्थ रहता है।इसके जरिए शरीर को निरोग बनाए रखने में मदद मिलती है।
इस अवसर पर कृष्णानंद राय,अशोक सिंह, शम्मी सिंह, विकास सिंह, विवेक,अमित,अंकित,पुनीत ,अमन, चंद्रेश, प्रभारी निरीक्षक राजेश कुमार त्रिपाठी, हीरा सिंह उपनिरीक्षक संतराम यादव,मटरू सिंह , गिरिश सिंह आदि मौजूद रहे। निर्णायक रामबदन राय और शिवाजीत सिंह रहे,जबकि कमेंट्री की भूमिका विजय प्रताप सिंह ने निभाई।

