गाजीपुर। पति के हाफ एनकाउंटर के दौरान खानपुर थाना क्षेत्र निवासी इनामी अपराधी विकास उर्फ विक्की के पत्नी की मौत की सत्यता जांचने के लिए शुक्रवार को जिलाधिकारी ने अपर जिला अधिकारी के नेतृत्व में मजिस्ट्रेट जांच के आदेश दे दिए।
जिसकी रिपोर्ट 2 सप्ताह के अंदर देने को कहा गया है। इसके साथ ही डीएम ने जिला जज को पत्र लिखकर, मामले की न्यायिक जांच का अनुरोध भी किया है। वही पुलिस के हाफ एनकाउंटर के दौरान पैर में गोली लगने से घायल बेटे और इस दौरान बहू की मौत से आहत, परिजनों के आंसू रोके नहीं रुक रहे हैं। गौर तलब है कि खानपुर थाने का ₹25हजारका इनामी विकास उर्फ विक्की बीते रविवार की रात को जौनपुर जनपद के ऊंचेहुआ गांव स्थित अपने दूर के रिश्तेदार के घर पहुंचा। जहां पहले से ही उसकी पत्नी नंदिनी अपने बच्चों के साथ रह रही थी। सोमवार की रात और मंगलवार की भोर के बीच लगभग 2:30 बजे खानपुर थाने की पुलिस टीम विकास को गिरफ्तार करने उसके रिस्तेदार के घर पहुंच गई। एनकाउंटर के डर से नंदिनी विकास के साथ ही पुलिस की गाड़ी में बैठकर चलने की जिद करने लगी। पुलिस पर आरोप है कि जब गीता पुलिस की गाड़ी में जबरदस्ती घुस रही थी, तो चलती गाड़ी के दौरान पुलिस ने उसे धक्का देकर सड़क पर गिरा दिया। जिससे उसके सर पर चोट आई और सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र लेकर पहुंचने पर, डॉक्टर ने उसे मृत घोषित कर दिया। दूसरी तरफ पुलिस ने मंगलवार की भोर लगभग 4 बजे खानपुर थाना क्षेत्र के अठगांवा मोड़ के पास विकास के पैर में गोली मारकर, फर्जी इनकाउंटर में उसे गिरफ्तार दिखा दिया। इससे विकास के परिजनों और ग्रामीणों में आक्रोश फैल गया। मंगलवार को ही परिजनों ने नंदिनी का शन पुलिस अधीक्षक कार्यालय के बाहर रखकर, 6 घंटे तक धरना प्रदर्शन किया। जहां परिजनों को मनाने पहुंचे डीएम और डीआईजी के निर्देश पर पुलिस अधीक्षक ओमवीर सिंह ने घटना की मजिस्ट्रेट जांच का आश्वाशन देते हुए खानपुर थाना अध्यक्ष सहित दो पुलिस कांस्टेबलों को निलंबित कर दिया। लेकिन विकास के परिजन मामले की न्यायिक जांच की मांग करते रहे। जिसके क्रम में शुक्रवार को जिलाधिकारी ने जिला जज को पत्र प्रेषित कर, मामले की न्यायिक जांच का भी अनुरोध किया।

