तहसील जमानिया के अधिकारियों की अनदेखी और लापरवाही से बदहाली व दयनीय स्थिति में दिख रहा तहसील स्थित तालाब।

जमानियां। गाजीपुर स्थानीय तहसील परिसर के सुंदरीकरण पर खर्च हुए लाखों रुपये देखरेख के अभाव में निष्प्रयोज्य साबित हो रहा है। अधिकारियों की उदासीनता के चलते तालाब की हालत इस कदर बदहाल हो चुकी है कि इसे बदहाली के गर्त में डूबा कहना अतिश्योक्ति नहीं होगी। कुछ वर्ष पूर्व जब तालाब का सुंदरीकरण कराया गया था तब इसके किनारों पर पक्का फर्श बनाने के साथ ही स्टील की रेलिंग लगाया गया। पक्की सीढियां बनायी गई। चारों तरफ फूल पत्ती लगाकर इसे भव्य स्वरूप दिया गया था। उस समय जो भी तहसील परिसर में आता तालाब के सुंदर स्वरूप को देख खुशी जाहिर करता था और किनारे लगे वृक्षों की छांव में आराम करता था। तहसील के बड़े अधिकारियों के कार्यालय से सटे इस तालाब के प्रति अधिकारियों ने आंखें मूंद लिया। इसका असर ये हुआ कि नियमित देखभाल के अभाव में तालाब के चारों तरफ झाड़ झंखाड़ हो गया है। पक्की सीढियां दरक रही हैं। रेलिंग भी जगह-जगह टूट गया है। वहीं तालाब में पर्याप्त पानी का इंतजाम न होने से पानी भी घटकर तलहटी में पंहुच गया है। उदासीनता का यही आलम रहा तो कुछ वर्षों में तालाब का अस्तित्व पूरी तरह समाप्त हो सकता है। जबकि ये तालाब भूगर्भ जल संरक्षण की दिशा में भी बहुत उपयोगी है। ऐसे में लोगों की मांग है कि तालाब का दुबारा सुंदरीकरण किया जाए और वर्षपर्यंत पानी का इंतजाम किया जाए। इससे तहसील परिसर की खूबसूरती बढ़ेगी और जल संरक्षण की मुहिम को भी गति मिलेगी।

