अग्रणी सामाजिक संस्था भारत विकास परिषद सेवा एवं संस्कृति सप्ताह’’ पांचवे दिन शारदा आश्रम में वनवासी छात्राओं का किया सहयोग।
वाराणसी। अग्रणी सामाजिक संस्था भारत विकास परिषद ‘‘काशी’’ द्वारा आयोजित ‘‘सेवा एवं संस्कृति सप्ताह’’ के पाचवें दिन सोमवार को पिशाचमोचन स्थित मां शारदा आश्रम में सहयोग कार्यक्रम का आयोजन किया गया।
इस अवसर पर अध्यक्ष मनोज गुप्ता ने बताया कि मां शारदा आश्रम वनवासी क्षेत्र की बालिकाओं को समाज की मुख्य धारा से जोड़ने के लिये कार्य करता है। जो वनवासी महिलाओं को आवासीय साधन व शिक्षा निःशुल्क मुहैया कराता है।
जिससे वो शिक्षित होकर समाज की मुख्य धारा से जुडे़ और अपने समाज के विकास के लिये कार्य कर सकें। जैसा कि वो यहां से वापस लौटकर अपने गांव व क्षेत्र में कर रही है। समय के साथ अब आवश्यकता है वोकेशनल कोर्स का प्रशिक्षण देने की। जिससे वो अपने क्षेत्रों में लौटने के बाद व्यापक सहयोग एवं विकास के लिए कार्य कर सकें।
सप्ताह संयोजिका श्रद्धा अग्रवाल ने बताया कि ‘‘भारत विकास परिषद्’’ महिला सशक्तिकरण व आत्मनिर्भरता की पक्षधर है। देश के विकास के लिए आवश्यक है कि देश की आधी आबादी भी शिक्षित, आत्मनिर्भर हो, क्योकि महिला के शिक्षित व आत्मनिर्भर होने से परिवार ही नही बल्कि पूरा समाज व राष्ट्र शिक्षित एवं आत्मनिर्भर होगा और आज का आयोजन भी इसी लक्ष्य की दिशा में परिषद का एक कदम है।
इस अवसर पर परिषद् द्वारा आश्रम में रहने वाली 20 वनवासी छात्राओं के लिए दैनिक उपयोग का सामान, खाद्यान्न एवं 2 छात्राओं को अंगीकार योजना के अंतर्गत बीस हजार रूपये का सहयोग प्रदान किया गया। कार्यक्रम की शुरूवात वन्देमातरम् से हुआ। जिसके बाद छात्राओं ने सुंदर भजन अच्युतम केशवं सुनाया गया।
कार्यक्रम का संयोजन संगीता रस्तोगी, अनुराग सर्राफ व रिषभ जैन ने किया। इस अवसर सुदीप टण्डन (राष्ट्रीय सदस्य, समग्र ग्राम विकास), मनोज गुप्ता, नीरजा अग्रवाल, राकेश मेहरोत्रा, नीलम गुप्ता, नन्दकिशोर झंवर ,मनीष आदि मौजूद रहे

